उत्तर प्रदेश

कानपुर : 81 लाख ₹ ठगी के आरोपी ने किया सुसाइड, परिवार ने पूर्व पार्षद समेत अन्य पर लगाया उकसाने का आरोप, FIR दर्ज

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कानपुर में एड देखो पैसा कमाओं की स्कीम से 148 लोगों से 81 लाख रुपए की ठगी करने वाले आरोपियों में से एक सुमित कुशवाहा ने बीते दिन फांसी लगाकर अपनी जान दे दी। सुमित को फांसी पर झूलता देख उसका परिवार सदमे में चला गया । इलाके में चीख पुकार मच गई जिसके बाद सुमित के परिवार ने इस मामले में चकेरी थानाक्षेत्र के सनिगवां इलाके के रहने वाले वार्ड 62 के पूर्व पार्षद व उसकी पत्नी समेत आधा दर्जन से अधिक के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। पुलिस के मुताबिक मामले में गहनता से जांच की जा रही है । जाँच के बाद जो भी तथ्य सामने आते है उसके आधार पर कार्यवाही अमल में लाई जाएगी।

बताते चले बीती 19 जनवरी को अनिल कुमार समेत अन्य लोगों ने चकेरी थाने में नीरज कुशवाहा, सुमित कुशवाहा, प्रकाश चन्द्र पारीख, पूजा, हरीओम, योगेश और 12 अज्ञात के खिलाफ धोखाधड़ी समेत अन्य धाराओं में एफआईआर दर्ज कराई थी। अनिल कुमार समेत अन्य का आरोप था कि आरोपियों ने एड देखों पैसा कमाओं स्कीम लांच कर लोगों के घर एलईडी टीवी इंस्टॉल किए थे। जिसमें 148 लोगों से 81 लाख रुपए की ठगी को अंजाम दिया गया था। पुलिस आरोपियों की मामले में तलाश कर रही थी। इसी मामले में चकेरी थानाक्षेत्र के विमानपुर सनिगवां चकेरी निवासी आरोपी सुमित कुशवाहा ने बुधवार की देर रात फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। इस मामले में मृतक सुमित की मां धरमावती ने चकेरी थाने में पूर्व दबंग पार्षद सौरभ तिवारी व उसकी पत्नी समेत आधा दर्जन लोगों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने की एफआईआर दर्ज कराई है।

बताते चले कि जिस पूर्व पार्षद सौरभ तिवारी पर मौत से पहले मृतक के परिजनों ने उकसाने का आरोप लगाया है उसका पूर्व में भी विवादों से नाता रहा है । पूर्व में सनिगवां के वार्ड 62 से सौरभ तिवारी भाजपा की टिकट पर पार्षद चुना गया था । सूत्र बताते है कि इस बार ऊपरी नेतृव व सतीश महाना की रिपोर्ट के बाद सिटिंग पार्षद सौरभ तिवारी की टिकट काट दी गयी और युवा नेता के रूप में इस वार्ड से उभर रहे युवक भवानी शंकर राय को भाजपा ने अधिकृत प्रत्याशी घोषित कर दिया । जिसके बाद पार्षद सौरभ तिवारी ने भाजपा के खिलाफ मोर्चा खोल दिया और भवानी शंकर राय के खिलाफ निर्दलीय प्रत्याशी बनकर चुनाव लड़ा । लेकिन जनता ने युवा नेता पर भरोसा जताया और सौरभ तिवारी चुनाव हार गया । इसी चुनाव में सौरभ तिवारी का एक महिला के साथ भी गाली गलौज का वीडियो वायरल हुआ था । सौरभ के इस बागी तेवर की वजह से भाजपा नेतृत्व ने सौरभ तिवारी को भाजपा से 5 साल से निकालने का ऑर्डर जारी किया था जिसके बाद हाल में ही हुए लोकसभा चुनावों में पूर्व पार्षद की भाजपा में घर वापसी हुई । लेकिन पार्षद सौरभ तिवारी का आए दिन विवादों से नाता जुड़ा रहता हैं ।

मृतक की माँ धरमावती का आरोप है कि सुमित से अनिल कुमार ने स्कीम के तहत एलईडी टीवी इंस्टॉल करवाया था। कुछ समय बाद कम्पनी के भाग जाने पर उपरोक्त अनिल कुमार व अन्य लोग सुमित से अपना पैसा वापस मांग रहे थे। जबकि सभी लोगों ने आनलाइन कम्पनी का एड देखकर अपनी मर्जी से कम्पनी के खाते में पैसा दिया था। कुछ दिनों बाद पैसा आना बंद हो गया था जिस पर चकेरी थाने में एफआईआर दर्ज करा दी गई थी। माँ ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कराने के बाद पूर्व पार्षद सौरभ तिवारी व अन्य लोगो के द्वारा आये दिन सुमित को कभी घर पर आकर या रास्ते मे रोककर व अन्य तरीके से शारीरिक व मानसिक रुप से प्रताड़ित किया जाता था। जिससे बेटे ने मौत का रास्ता चुना । मां धरमावती ने पुलिस को बताया कि इन लोगों की प्रताड़ना से तंग आकर ही सुमित हैरान परेशान रहने लगा था। वो कहता था कि वो कुछ कर लेगा, ये सब उसे बहुत परेशान कर रहें है । परिवार वाले उसे बहुत समझाते थे उसके बाद भी वो यही कहता था कि इस पूरे मामले में उसका कोई लेना देना नहीं है तब भी उसे फंसाया गया है। वो सिर्फ नौकरी कर रहा था।

चकेरी इंस्पेक्टर संतोष कुमार शुक्ला के मुताबिक पीड़िता की तहरीर पर पार्षद सौरभ तिवारी, दिपाली तिवारी, अनिल कुमार व अज्ञात के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने की धारा में रिपोर्ट दर्ज की गई है। मामले में जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी


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