KANPUR NEWS : महाराजपुर क्षेत्र में महिला की मौत के बाद रविवार शाम उस समय तनाव बढ़ गया, जब पोस्टमॉर्टम के बाद शव लेकर लौट रहे मायकेवालों ने कानपुर-प्रयागराज हाईवे पर शव रखकर जाम लगा दिया। परिजन ससुराल पक्ष पर कार्रवाई की मांग कर रहे थे। पुलिस जाम खुलवाने पहुंची तो प्रदर्शनकारियों से विवाद हो गया। विवाद बढ़ने के बाद कुछ लोगों ने पुलिस टीम पर पथराव कर दिया। अचानक हुए पथराव में चकेरी इंस्पेक्टर अजय प्रकाश मिश्र, महाराजपुर इंस्पेक्टर जनार्दन सिंह और अहिरवां चौकी प्रभारी राजवीर सिंह घायल हो गए। इसके बाद पुलिस ने लाठीचार्ज कर भीड़ को मौके से हटाया। करीब चार थानों की फोर्स और PAC को भी मौके पर बुलाना पड़ा।
ससुराल में फंदे से लटका मिला था शव
शेखपुर गांव निवासी 32 वर्षीय माला की शादी करीब आठ साल पहले मुन्ना निषाद से हुई थी। दंपती के दो बच्चे हैं। परिजनों के अनुसार शनिवार को माला की तबीयत खराब थी। रिश्तेदार शनि उसे दवा दिलाने के बाद दोपहर करीब तीन बजे ससुराल छोड़कर गया था। कुछ देर बाद माला के पति ने फोन कर बताया कि माला ने फंदा लगा लिया है। सूचना मिलने पर मायकेवाले ससुराल पहुंचे। घर के अंदर माला का शव फंदे से लटका मिला। पुलिस ने फोरेंसिक टीम के साथ मौके की जांच की और शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया।
रास्ते में हुआ विवाद, फिर हाईवे पर रखा शव
रविवार को पोस्टमॉर्टम के बाद मायकेवाले शव को लेकर गांव लौट रहे थे। रास्ते में उनकी ससुराल पक्ष के लोगों से कहासुनी हो गई। मायकेवालों का आरोप था कि महिला की मौत के मामले में ससुराल पक्ष के खिलाफ कार्रवाई नहीं की जा रही है। नाराज परिजनों ने कानपुर-प्रयागराज हाईवे पर शव रख दिया। देखते ही देखते बड़ी संख्या में लोग वहां जमा हो गए और सड़क पर आवागमन बंद हो गया। हाईवे के दोनों तरफ वाहनों की कतार लग गई।
पुलिस ने समझाया तो भड़की भीड़
जाम की सूचना पर पुलिस अधिकारी और फोर्स मौके पर पहुंची। पुलिस ने परिजनों से बातचीत कर शव को सड़क से हटाने और यातायात बहाल कराने की कोशिश की। इसी दौरान पुलिस और भीड़ के बीच बहस होने लगी। कुछ ही देर में मामला हिंसक हो गया। भीड़ की तरफ से पुलिस टीम पर पथराव शुरू कर दिया गया। पुलिसकर्मियों को बचने के लिए पीछे हटना पड़ा। हमले में तीन पुलिसकर्मी घायल हुए।
लाठीचार्ज के बाद खुला हाईवे
पुलिस पर हमले की सूचना मिलते ही अतिरिक्त फोर्स मौके पर भेजी गई। एडीसीपी शिवा सिंह और एसीपी आशुतोष सिंह भी पहुंचे। चार थानों की पुलिस के साथ PAC की टुकड़ी ने मोर्चा संभाला। पुलिस ने लाठीचार्ज कर प्रदर्शनकारियों को हाईवे से हटाया। इसके बाद सड़क पर फंसे वाहनों को निकाला गया और यातायात बहाल कराया गया। डीसीपी पूर्वी सत्यजीत गुप्ता के अनुसार, मौके से पांच लोगों को हिरासत में लिया गया है। पुलिस के मुताबिक भीड़ में कुछ लोग नशे की हालत में भी थे। पथराव में घायल पुलिसकर्मियों को अस्पताल ले जाया गया, जहां उपचार के बाद उन्हें छुट्टी दे दी गई। पुलिस ने परिवार की शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज किया है। अब पुलिस वीडियो और अन्य साक्ष्यों के आधार पर पथराव करने वालों की पहचान कर रही है। अधिकारियों के मुताबिक पुलिस टीम पर हमला, यातायात बाधित करने और उपद्रव करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। महिला की मौत की वजह स्पष्ट करने के लिए पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट को भी जांच का अहम आधार बनाया जाएगा।




