कानपुर विश्वविद्यालय में 2 दिवसीय AI कार्यशाला के समापन सत्र के दौरान प्रोफेसर की हार्ट अटैक से मौत ।

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कानपुर : कानपुर विश्वविद्यालय में आज एक कार्यक्रम के दौरान अचानक उस वक़्त सन्नाटा पसर गया जब इंदिरा गांधी राष्ट्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय, अमरकंटक के प्रोफेसर वीएन मिश्रा का कार्यक्रम के दौरान ह्र्दयगति रुकने से आ कस्मिक निधन हो गया । प्रोफेसर मिश्रा आईआईटी कानपुर एवं सीएसजेएम विश्वविद्यालय कानपुर द्वारा एसोसिएशन ऑफ इंडियन यूनिवर्सिटीज के तत्वाधान में सतत शहरी विकास के लिए “नवाचारी एआई समाधान” विषय पर चल रहे दो दिवसीय नेशनल कॉन्फ्रेंस में भाग लेने के लिए 2 फरवरी को कानपुर आए थे। कार्यक्रम के दौरान उनकी मौत की घटना से कानपुर विश्वविद्यालय में शोक का माहौल है ।


हार्ट अटैक से हुई मौत से पूर्व प्रो. V.N. मिश्रा की स्टेज पर भाषण देते वक्त की इमेज ।

भाषण देने के बाद दर्शक दीर्घा में बैठे बैठे हुए हादसा : बताते चले कि जिस वक्त ये हादसा हुआ उस वक़्त विश्वविद्यालय में आयोजित हो रहे कांफ्रेंस के समापन सत्र चल रहा था । इस दौरान मंगलवार को वह दर्शक दीर्घा में बैठे लेक्चर सुन रहे थे। कार्यक्रम में मौजूद कुछ प्रत्यक्षदर्शियों की माने तो उनके अनुसार प्रोफेसर मिश्रा की कार्यक्रम के दौरान ही अचानक से तबियत बिगड़ गई। मौके पर मौजूद सीएसजेएमयू के डॉक्टरों की टीम ने उन्हें तुरंत सीपीआर दिया, जब ऐसे में कोई राहत नही मिली तो तत्काल उन्हें एंबुलेंस के माध्यम से कानपुर के कार्डियोलाजी सुपर स्पेशियलिटी सेंटर लेकर पहुंचे। वहां पर कार्डियोलॉजी के निदेशक डॉ राकेश वर्मा सहित डॉक्टरों का एक पैनल तत्काल मौके पर प्रोफेसर मिश्रा की देखरेख के लिए पहले से मौजूद था, जहाँ प्रोफेसर मिश्रा के पहुँचते ही उनकी जाँच शुरू हो गयी । अस्पताल की ओर से भी उन्हें सीपीआर दिया गया लेकिन पैनल की जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। उनके निधन की खबर फैलते ही पूरे विश्वविद्यालय में फ़िलहाल सन्नाटा पसर गया है ।


CSJMU के कुलपति प्रो विनय कुमार पाठक ने शोक व्यक्त किया : वहीं इस पूरे मामले में प्रो. वीएन मिश्रा के निधन पर कानपुर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक ने गहरा शोक जताया है। उन्होंने कहा कि प्रो. मिश्रा यहां पर एआई से संबंधित वाख्यान देने के लिए आए थे। उनके द्वारा विश्वविद्यालय के छात्र छात्राओं को बहुत कुछ सिखाया व बताया गया और अभी भी उन्हें बहुत कुछ सीखना था लेक़िन शायद वो वंचित रह गए । उन्होंने आगे कहा कि इस कार्यशाला में आकर प्रोफेसर मिश्रा ने छात्रों को बेहतर ज्ञान दिया था, लेकिन उनके निधन ने हम सभी को गहरा दुख हुआ है। और प्रोफेसर वीएन मिश्रा की मौत एक अपूर्णीय क्षति है ।


परिवार को सौंप दिया गया शव : बताते चले कि कॉर्डियोलॉजी में प्रोफेसर वी.एन. मिश्रा की डॉक्टर्स द्वारा मौत की पुष्टि होने के बाद उनके परिवार के लोगों को घटना की जानकारी दी गई। इसके बाद परिवार के लोगों ने कानपुर में रहने वाले रिश्तेदारों से संपर्क किया। इसके बाद रात में रिश्तेदारों को प्रोफेसर मिश्रा का शव सौंप दिया गया। इसके बाद सभी लोग शव लेकर अमरकंटक के लिए रवाना हो गए।


 

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